CG News:- पूर्व महापौर का रसूख, बेटे के साथ मिल रास्ता रोक कर युवक से मारपीट, गुंडागर्दी का लाइव वीडियो वायरल होते ही FIR दर्ज

Bilaspur News :- पूर्व महापौर और कांग्रेस नेता पर लगे मारपीट व धमकी के आरोप अब वीडियो वायरल होने के बाद शहर में तेजी से चर्चा का विषय बन गए हैं। रास्ते के विवाद से शुरू हुआ यह मामला अब सोशल मीडिया तक पहुंच चुका है, जहां सामने आए वीडियो को लेकर लोग लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं। पीड़ित का कहना है कि वह पहले से ही गंभीर बीमारी से जूझ रहा था, इसके बावजूद उसके साथ मारपीट की गई। FIR दर्ज है और पुलिस जांच चल रही है, लेकिन वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला अब सिर्फ एक विवाद नहीं रहा—बल्कि लोगों के बीच जनप्रतिनिधियों के व्यवहार और जिम्मेदारी को लेकर सवाल खड़े कर रहा है।
Bilaspur बिलासपुर। शहर में एक बार फिर राजनीतिक रसूख और दबंगई को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। कांग्रेस नेता एवं पूर्व महापौर राजेश पांडेय तथा उनके पुत्र राहुल पांडेय पर एक युवक के साथ मारपीट, गाली–गलौज और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है और एक जनप्रतिनिधि के आचरण को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।
रास्ते के विवाद से शुरू हुआ पूरा मामला
मामला सिविल लाइन थाना क्षेत्र के शिवम एन्क्लेव और मिनोचा कॉलोनी के बीच स्थित रास्ते से जुड़ा बताया जा रहा है। शिकायतकर्ता अमित शर्मा के अनुसार 31 मई की सुबह सोसायटी की बैठक के बाद रहवासी और सफाई कर्मचारी मिलकर मुख्य द्वार की सफाई कर रहे थे। इसी दौरान करीब 10 बजे राजेश पांडेय और उनके पुत्र राहुल पांडेय वहां पहुंचे और कथित तौर पर रास्ता रोककर विवाद शुरू कर दिया।अमित शर्मा का आरोप है कि मौके पर मौजूद महिलाओं और अन्य रहवासियों के सामने गाली-गलौज की गई। उन्होंने हाथ जोड़कर विवाद खत्म करने का आग्रह किया, लेकिन स्थिति और बिगड़ गई।
पैर खींचकर गिराया, पत्थर से हमला करने का आरोप
थाने में दिए गए आवेदन के मुताबिक, राजेश पांडेय और राहुल पांडेय ने उनका पैर खींचकर जमीन पर गिरा दिया और फिर लात–घूंसों से मारपीट की। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि उनके सिर और दाहिने कंधे पर पत्थर से वार किया गया, जिससे उन्हें चोटें आईं और उनका चश्मा टूट गया।घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
ब्रेन स्ट्रोक से उबर रहे व्यक्ति के साथ मारपीट का आरोप
अमित शर्मा ने अपनी शिकायत में बताया है कि करीब दो महीने पहले उन्हें ब्रेन स्ट्रोक आया था और उनका इलाज एम्स में चल रहा है। वे डायबिटीज और लो बीपी की समस्या से भी पीड़ित हैं। इसके अलावा उनके दाहिने हाथ की दो बार सर्जरी हो चुकी है।
उन्होंने आरोप लगाया है कि उनकी स्वास्थ्य स्थिति के बावजूद उनके साथ बेरहमी से मारपीट की गई, जिससे चेहरे, पीठ, घुटने और कंधे पर चोटें आई हैं।
जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। उनके पिता का घर भी उसी इलाके में होने के कारण उन्होंने भविष्य में किसी अप्रिय घटना की आशंका जताई है और पुलिस से सुरक्षा तथा सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
सिविल लाइन थाना पुलिस ने शिकायत और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 115(2), 351(3), 126(2) और 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
लोगों के बीच जनप्रतिनिधियों की छवि पर सवाल, वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ी हलचल
घटना से जुड़ा वीडियो सामने आते ही मामला सिर्फ एक मारपीट तक सीमित नहीं रहा, बल्कि शहर की सियासी और सामाजिक बहस का हिस्सा बन गया है। वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों के बीच इस पूरे घटनाक्रम को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
आम लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों से संयम, मर्यादा और जिम्मेदार व्यवहार की उम्मीद की जाती है, लेकिन जब उन्हीं पर मारपीट और धमकी देने लगें, तो सवाल उठना लाजमी है। सोशल मीडिया से लेकर मोहल्लों की चौपाल तक यही चर्चा है कि ऐसे मामलों का असर सिर्फ व्यक्ति की छवि पर नहीं, बल्कि पूरे जनप्रतिनिधि वर्ग की विश्वसनीयता पर पड़ता है।
अब सभी की नजर पुलिस जांच पर है। मामले में आगे की कार्रवाई वीडियो, मेडिकल रिपोर्ट, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर तय होगी। पुलिस जांच के बाद ही आरोपों की अंतिम पुष्टि हो सकेगी।
Live Cricket Info


