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घनवा में करोड़ों का स्टॉप डेम निर्माण, लेकिन जिम्मेदार मौन, तीन महीने से चल रहा काम, फिर भी न बोर्ड, न जवाब—पारदर्शिता पर सवाल

जांजगीर-चांपा जिले के घनवा गांव में सिंचाई विभाग द्वारा करोड़ों रुपये की लागत से स्टॉप डेम का निर्माण कार्य चल रहा है, लेकिन हालात ऐसे हैं कि जहां जवाबदेही होनी चाहिए, वहां खामोशी पसरी हुई है।

तीन महीने बीते, लेकिन सूचना बोर्ड अब भी गायब

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निर्माण शुरू हुए काफी समय हो चुका है, लेकिन मौके पर अब तक सूचना बोर्ड नहीं लगाया गया है। इससे यह भी स्पष्ट नहीं है कि योजना का पूरा विवरण, बजट और जिम्मेदार एजेंसी क्या है।

इस्टिमेट के विपरीत काम के आरोप

ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य इस्टीमेट के विपरीत और मनमाने तरीके से किया जा रहा है। तय तकनीकी मानकों की अनदेखी की बात भी सामने आ रही है, जिससे पूरे प्रोजेक्ट की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं।

ठेकेदार पर मनमानी के आरोप, निगरानी शून्य

रायपुर की एक निजी कंपनी के ठेकेदार अनिल सिंह चंदेल द्वारा कार्य कराया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि विभागीय निगरानी लगभग न के बराबर है, जिससे काम में मनमानी की आशंका और गहरी हो गई है।

गुणवत्ता पर सबसे बड़ा सवाल
ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि जिस तरह से निर्माण चल रहा है, उससे स्टॉप डेम की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। करोड़ों की इस योजना का भविष्य भी अब सवालों के घेरे में आ गया है।

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जिम्मेदारों की चुप्पी पर उठे सवाल

सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर सिंचाई विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मौन क्यों हैं? मौके पर निरीक्षण और नियंत्रण की कमी ने पूरी व्यवस्था की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

ग्रामीणों की मांग—जांच और जवाबदेही तय हो

ग्रामीणों ने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच, तकनीकी ऑडिट और जिम्मेदार अधिकारियों व ठेकेदार पर कार्रवाई की मांग की है। साथ ही तत्काल सूचना बोर्ड लगाने की भी मांग उठाई है, ताकि पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।

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RAVI TAMBOLI

एक सक्रिय और निष्पक्ष समाचार रिपोर्टर हैं, जो सामाजिक, राजनीतिक और स्थानीय मुद्दों पर सटीक व तथ्यात्मक रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं।

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