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अशिक्षा का शिकार बनी विधवा, 23 लाख और गाड़ियां हड़पीं – न्याय के लिए भटक रही महिला

अशिक्षा का शिकार बनी विधवा, 23 लाख और गाड़ियां हड़पीं – न्याय के लिए भटक रही महिला

बिलासपुर/बेलगहना ग्राम की एक अशिक्षित विधवा महिला के साथ करोड़ों की ठगी जैसा गंभीर मामला सामने आया है। बेलगहना निवासी बाल कुंवर बिनकर ने पति और पुत्र की मृत्यु के बाद उनकी जमा-पूंजी के रूप में बैंक खाते में रखे करीब 23 लाख रुपये संजोकर रखे थे। महिला का आरोप है कि केंदा निवासी फागुन प्रजापति उर्फ़ मोनू ने उसकी अशिक्षा का फायदा उठाते हुए अंगूठे के निशान लेकर ग्रामीण बैंक के दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए और रकम अपने खाते में ट्रांसफर करवा ली।

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केवल इतना ही नहीं, आरोपी ने महिला से अंगूठा लगवाकर पिकअप, छोटा हाथी और स्कूटी सहित कई वाहनों को भी अपने नाम दर्ज करा लिया। पीड़िता का कहना है कि फागुन प्रजापति ने उसके मृत पति और पुत्र के आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज भी अपने पास रख लिए हैं, जिन्हें वह लौटाने से इंकार कर रहा है।

महिला ने इसकी शिकायत पुलिस और स्थानीय नेताओं से की है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।

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आरोप है कि कार्रवाई से बचने के लिए आरोपी ने राजनीतिक संरक्षण लेने की कोशिश शुरू कर दी है।

पीड़िता ने बताया कि आरोपी खुद को ग्राम पंचायत केंदा का पंच और भाजपा से जुड़ा कार्यकर्ता बताते हुए दबाव बनाने का प्रयास कर रहा है।

महिला का आरोप है कि आरोपी खुलेआम कहता है – मैं वकील हूं, भाजपा का नेता हूं, जहाँ जाना है जाओ, कुछ नहीं होगा।

न्याय की गुहार लगाते हुए महिला ने कहा – “मेरे पति और पुत्र की कमाई को ठग लिया गया है। जब तक इंसाफ नहीं मिलेगा, मैं हार नहीं मानूंगी

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SURENDRA MISHRA

एक समर्पित पत्रकार के रूप में वे जनता तक सच्ची और निष्पक्ष खबर पहुँचाने के लिए लगातार जमीनी स्तर पर रिपोर्टिंग करते हैं।

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