छत्तीसगढ़देशबिलासपुरराज्य एवं शहर

फैमिली कोर्ट की काउंसिलिंग में फिर विवाद: पत्नी पर पति से मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी का आरोप

पहले भी सामने आ चुके हैं गंभीर विवाद, मां से मारपीट की शिकायत का दावा; पति बोला- बिना पक्ष जाने प्रकाशित की गई एकतरफा खबर

 

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Channel Join Now

बिलासपुर। सकरी क्षेत्र में रहने वाले सेकेंड बटालियन में पदस्थ प्रधान आरक्षक संजय जोशी और उनकी पत्नी सरोज जोशी के बीच चल रहा वैवाहिक विवाद एक बार फिर चर्चा में है। फैमिली कोर्ट में तलाक प्रकरण की काउंसिलिंग के दौरान संजय जोशी ने अपनी पत्नी पर मारपीट, गाली-गलौज और जान से मरवाने की धमकी देने का आरोप लगाया है। मामले को लेकर सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराए जाने की बात सामने आई है।

 

संजय जोशी के अनुसार उनका विवाह वर्ष 2014 में ग्राम आसरा, जिला गरियाबंद निवासी सरोज जोशी के साथ सामाजिक रीति-रिवाज से हुआ था। दोनों के बीच विवाद के बाद तलाक का प्रकरण फैमिली कोर्ट में विचाराधीन है। न्यायालय के आदेश पर 19 अगस्त 2026 को ADR बिल्डिंग में मध्यस्थता/काउंसिलिंग के लिए दोनों पक्षों को बुलाया गया था।

 

शिकायतकर्ता का आरोप है कि वह अपने भाई दुलाल मुखर्जी और बहन अंकिता जोशी के साथ काउंसिलिंग में उपस्थित था। इसी दौरान वह अपने दस्तावेज काउंसलर एवं शासकीय अधिवक्ता शर्मा को दिखा रहा था। आरोप है कि तभी सरोज जोशी आक्रोशित हो गईं और पुराने वैवाहिक विवाद एवं चरित्र से जुड़े आरोपों को लेकर सार्वजनिक रूप से गाली-गलौज करने लगीं।

 

संजय जोशी का आरोप है कि जब उन्होंने गाली देने से मना किया तो उनके साथ हाथ-मुक्के से मारपीट की गई। बीच-बचाव करने पहुंचे भाई दुलाल मुखर्जी और बहन अंकिता जोशी के साथ भी कथित रूप से गाली-गलौज की गई। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इस दौरान उन्हें और उनके परिवार को जान से मरवाने की धमकी भी दी गई। संजय जोशी ने मारपीट में चेहरे और पीठ पर चोट आने का दावा किया है।

 

एक महीने पहले मां से मारपीट का भी आरोप

 

संजय जोशी का दावा है कि करीब एक माह पहले उनकी मां सावित्री देवी के साथ भी सरोज जोशी द्वारा मारपीट और जान से मारने के प्रयास की घटना हुई थी। उनका कहना है कि घटना में सावित्री देवी को गंभीर चोट आई थी और इस संबंध में सकरी थाने में शिकायत दर्ज है।

 

संजय के मुताबिक, परिवार के बीच विवाद का सिलसिला काफी समय से चला आ रहा है और पहले भी कई गंभीर घटनाएं सामने आ चुकी हैं।

 

5 जुलाई 2022 की घटना का भी किया गया उल्लेख

  छत्तीसगढ़ कृषि स्नातक शासकीय कृषि अधिकारी संघ ने रैली व हड़ताल कर रखी मांगें, 11 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा

 

शिकायतकर्ता ने वर्ष 2022 की घटना का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया है कि 5 जुलाई 2022 की रात करीब 3 बजे ड्यूटी से घर लौटने पर उसने पत्नी सरोज जोशी और आरक्षक अरुण कमलवंशी को कथित आपत्तिजनक स्थिति में देखा था। इस घटना के बाद पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ और मामला पुलिस व बाद में न्यायालय तक पहुंचा।

 

संजय जोशी का दावा है कि इस घटना के बाद सरोज जोशी और अरुण कमलवंशी की ओर से सामाजिक स्तर, ग्राम पंचायत, सकरी थाना तथा न्यायालय में शपथपत्र आदि दिए गए थे और सरोज अपने पांच वर्षीय बच्चे को छोड़कर चली गई थीं। इन दावों से संबंधित दस्तावेज होने की बात भी संजय पक्ष द्वारा कही गई है।

 

हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि न्यायालय अथवा पुलिस की जांच/रिकॉर्ड से ही स्पष्ट होगी।

 

कोर्ट परिसर में मारपीट का वीडियो भी हुआ था वायरल

 

इस पूरे विवाद में अरुण कमलवंशी और संजय जोशी के बीच कोर्ट परिसर में हुई मारपीट का वीडियो पहले भी सोशल मीडिया और मीडिया रिपोर्टों में सामने आ चुका है। सितंबर 2025 की प्रकाशित रिपोर्टों में बताया गया था कि फैमिली कोर्ट में दोनों के बीच विवाद के बाद मारपीट हुई और बाद में दोनों पक्षों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी।

 

इससे पहले दिसंबर 2024 की एक मीडिया रिपोर्ट में भी संजय जोशी के परिवार द्वारा सुरक्षा की मांग और अरुण कमलवंशी के खिलाफ लगाए गए विभिन्न आरोपों का उल्लेख किया गया था। रिपोर्ट में परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों को ही प्रकाशित किया गया था।

 

अब ‘काउंटर FIR’ का आरोप

 

संजय जोशी का आरोप है कि 19 अगस्त की घटना के बाद सरोज जोशी की ओर से उनके खिलाफ भी काउंटर FIR दर्ज कराई गई। उनका कहना है कि उनके खिलाफ लगाए गए आरोप वास्तविक घटना से अलग और मनगढ़ंत हैं।

 

संजय जोशी ने मीडिया से कहा कि इस पूरे मामले में किसी भी मीडिया संस्थान ने खबर प्रकाशित करने से पहले उनका पक्ष नहीं लिया। उनका कहना है कि एकतरफा तरीके से खबर प्रकाशित होने से उनकी छवि प्रभावित हुई है।

 

उन्होंने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए, घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज, उपलब्ध वीडियो, मेडिकल रिपोर्ट, पुलिस शिकायतों और न्यायालयीन दस्तावेजों की जांच की जाए तथा दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

Was this article helpful?
YesNo

Live Cricket Info

YASHVANT PANDEY

समाचार रिपोर्टर के रूप में उनका उद्देश्य समाज की समस्याओं और जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर प्रशासन तक पहुँचाना है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button